पैरा एशियन गेम्स- भारत ने चौथे दिन 26 मेडल जीते:7 गोल्ड, 4 सिल्वर और 15 ब्रॉन्ज; कुल संख्या 88 हुई

भारत ने पैरा एशियन गेम्स में गुरुवार को 26 मेडल जीते। इनमें 7 गोल्ड, 4 सिल्वर और 15 ब्रॉन्ज मेडल शामिल हैं। इसके साथ ही भारत के कुल मेडल की संख्या 88 हो गई। पैरा तीरंदाजी में शीतल देवी और तोमर कुमार की जोड़ी ने कंपाउंड मिक्स्ड टीम इवेंट में गोल्ड जीता। शीतल ने महिलाओं के कंपाउंड इंडिविजुअल इवेंट में भी सोना अपने नाम किया।
एथलेटिक्स में शैलेश कुमार ने पुरुषों की हाई जंप में 1.89 मीटर की छलांग लगाकर गेम्स रिकॉर्ड बनाया और गोल्ड जीता। दिलीप गावित ने पुरुषों की 400 मीटर T47 और अंजनाबेन बुम्बाडिया ने महिलाओं की 400 मीटर T47 स्पर्धा में सोना जीता। सुवर्णा राज ने भी गोल्ड मेडल अपने नाम किया।
धर्मराज ने लॉन्ग जंप का गोल्ड अपने नाम किया पैरा एथलेटिक्स की पुरुषों की लॉन्ग जंप T44/T62/T64 स्पर्धा में सोलैराज धर्मराज ने गोल्ड मेडल जीता। उन्होंने 7.15 मीटर की छलांग लगाकर नया एशियन रिकॉर्ड बनाया। उन्होंने 2025 में बनाया अपना ही 7.08 मीटर का रिकॉर्ड 7 सेंटीमीटर से बेहतर किया। सोलैराज ने 2022 के पैरा एशियन गेम्स में भी गोल्ड मेडल जीता था, तब उन्होंने 6.80 मीटर की छलांग लगाई थी।
एथलेटिक्स : दिलीप ने लगातार दूसरी बार गोल्ड जीता
पैरा एथलेटिक्स की पुरुषों की 400 मीटर T47 स्पर्धा में दिलीप महादू गावित ने 48.27 सेकेंड के समय के साथ गोल्ड मेडल जीता। भाविककुमार भरवाड़ ने 49.31 सेकेंड के समय के साथ सिल्वर मेडल अपने नाम किया। दिलीप ने 2022 के पैरा एशियन गेम्स में भी गोल्ड जीता था।
एथलेटिक्स : भारत ने हाई जंप में क्लीन स्वीप किया
पैरा एथलेटिक्स की पुरुषों की हाई जंप T42/T63 स्पर्धा में भारत ने तीनों मेडल जीतकर पोडियम पर कब्जा जमाया। शैलेश कुमार ने 1.89 मीटर की छलांग लगाकर गोल्ड मेडल जीता और नया गेम्स रिकॉर्ड बनाया। वरुण सिंह भाटी ने 1.84 मीटर की छलांग के साथ सिल्वर और राहुल ने 1.81 मीटर के साथ ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया। भारत ने 2022 के बाद लगातार दूसरी बार इस स्पर्धा के तीनों मेडल जीते।
एथलेटिक्स : 400 मीटर T47 में भारत को गोल्ड-सिल्वर
पैरा एथलेटिक्स की महिलाओं की 400 मीटर T47 स्पर्धा में भारत ने गोल्ड और सिल्वर मेडल जीते। अंजनाबेन बुम्बाडिया ने 59.97 सेकेंड के समय के साथ गोल्ड मेडल अपने नाम किया, जबकि जयंती बेहरा ने सिल्वर मेडल दिलाया।
आर्चरी : शीतल देवी को दूसरा गोल्ड
पैरा तीरंदाजी में शीतल देवी ने गोल्ड मेडल जीत लिया। उन्होंने महिलाओं के कंपाउंड इंडिविजुअल फाइनल में सिंगापुर की नूर आलिम स्याहिदाह को 142-139 से हराया।
एथलेटिक्स : सुवर्णा ने 15.66 मीटर डिस्कस फेंका
सुवर्णा ने महिला डिस्कस थ्रो की F54 कैटेरी में 15.66 मीटर थ्रो किया। उन्होंने छह प्रयासों में चार बार 15 मीटर से ज्यादा की दूरी तय की।
ईरान की शाहला हदीदी 15.45 मीटर के थ्रो के साथ दूसरे स्थान पर रहीं। वियतनाम की थी न्गोक थुई गुयेन ने 14.65 मीटर के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता।
F54 कैटेगरी में ऐसे खिलाड़ी आते हैं, जिनके धड़ और निचले अंगों की कार्यक्षमता प्रभावित होती है। ये खिलाड़ी थ्रोइंग चेयर से मुकाबला करते हैं।
तीरंदाजी: भारतीय जोड़ी ने इंडोनेशियाई पेयर को हराया
शीतल देवी और तोमर कुमार ने कंपाउंड मिक्स्ड टीम इवेंट में गोल्ड जीता। भारतीय जोड़ी ने फाइनल में इंडोनेशिया की थियोडोरा ऑडी ऑडिया फेरेली और केन स्वागुमिलांग को 151-148 से हराया।
पहले चार तीर के सेट के बाद भारतीय जोड़ी के पास एक अंक की बढ़त थी। दूसरे सेट के बाद यह बढ़त 4 अंक हो गई। तब भारत का स्कोर 77 और इंडोनेशिया का 73 था।
तीसरे सेट में भारतीय जोड़ी के चारों तीर 9 अंक पर लगे। हालांकि, आखिरी सेट में दोनों ने फिर 38 अंक हासिल किए और गोल्ड अपने नाम किया।
तीरंदाजी की W1 कैटेगरी में पहली बार मेडल आया
स्वाति चौधरी ने एशियन पैरा गेम्स में तीरंदाजी की W1 कैटेगरी में भारत का पहला मेडल जीता। मेरठ की स्वाति चौधरी को विमेंस इंडिविजुअल फाइनल में चीन की सेन मेंगकान से 4-6 से हार मिली।
इस जीत के साथ स्वाति ने सिल्वर और सेन ने गोल्ड मेडल जीता। सेन दुनिया की 23वें नंबर की तीरंदाज हैं। वे ओलंपियन सत्यदेव प्रसाद के मार्गदर्शन में मेरठ की गुरुकुल आर्चरी एकेडमी में ट्रेनिंग करती हैं।




