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बच्चे की Free Fire गेम की लत पिता को पड़ी भारी… नाबालिग ने 20 दिन में गंवाए 5 लाख रुपये…

उत्तर प्रदेश के कानपुर (Kanpur) में ऑनलाइन गेम (Online Game) के चक्कर में एक नाबालिग लड़का साइबर फ्रॉड (Cyber Crime) का शिकार हो गया. गेम के स्टेज अनलॉक करवाने के लिए उसने अनजान युवक के खाते में पांच लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए. पिता को जब इस घटना का पता चला तो उसके होश उड़ गए.

क्या है मामला?
दरअसल, कानपुर (Kanpur) में एक व्यापारी का नाबालिग बेटा ऑनलाइन गेम (Online Game) के चक्कर में ऐसा फंसा की उसने अपने पिता के अकाउंट से पांच लाख रुपये एक अनजान युवक के खाते में ट्रांसफर कर दिए. इस दौरान लड़के ने जब उससे पैसे वापस मांगे तो अनजान शख्स सुसाइड करने की धमकी देने लगा. इस बीच जब लड़के के पिता को अपने खाते से पांच लाख की रकम ट्रांसफर किये जाने का पता चला तो उसने क्राइम ब्रांच में इसकी शिकायत की.

बेटे ने ट्रांसफर किये पांच लाख रुपये
कानपुर के नबाबगंज निवासी चंद्रशेखर के खाते से पांच लाख रुपये का ट्रांजेक्शन एक ही खाते में हुआ था. ये रकम बीस दिनों में धीरे-धीरे ट्रांसफर हुई थी. इसके साथ उनके क्रेडिट कार्ड का भी यूज किया गया था. हालांकि, इस दौरान उन्होंने अपना क्रेडिट कार्ड किसी बाहरी व्यक्ति को नहीं दिया था. जब उन्होंने जानकारी की तो पता चला कि बेटे ने ये पैसा ट्रांसफर किया है.

गेम अनलॉक करवाने के लिए दिए थे पैसे
बेटे ने बताया कि वो मोबाइल पर फ्री फायर गेम (Free Fire Game) खेल रहा था. लेकिन वो दो स्टेज के बाद लॉक हो गया. लॉक खुलवाने के लिए बेटे ने यूट्यूब (YouTube) से एक नंबर निकाला, जिसने गेम अनलॉक करने के नाम पर पहले 750 रुपये लिए फिर धीरे-धीरे 20 दिनों में पांच लाख रुपये ट्रांसफर करा लिए.

नाबालिग को देता था धमकी
पैसा झटकने वाले साइबर अपराधी ने बच्चे से धीरे-धीरे करके रकम निकलवा ली. इस दौरान जब लड़के ने पैसे वापस देने बात की तो उसने सुसाइड करने की धमकी दे डाली. उसने कहा कि पैसा मांगोगे तो सुसाइड कर लूंगा और तुम फंस जाओगे.

जांच में जुटी पुलिस
इस घटनाक्रम के बाद बेटे से जानकारी लेकर पिता ने कमिश्नरेट क्राइम ब्रांच में शिकायत दर्ज कराई. मामले में पुलिस उपायुक्त ने बताया कि शिकायत मिलने पर मामला दर्ज किया गया है. इसके साथ ही जिस खाते में पैसा गया है उसे फ्रीज करा दिया गया है. जल्द आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा. इसके साथ उन्होंने उन परिजनों को भी सतर्क रहने की सलाह दी, जिनके बच्चे ऑनलाइन मोबाइल गेम खेलते रहते हैं.